महान हिमालय

महान हिमालय

➧हिमालय के भाग-
➧हिमालय को कुल 4 भागों में बांटा गया है। जैसे-
1. महान हिमालय या ग्रेट हिमालय
2. लघु हिमालय
3. ट्रांस हिमालय
4. शिवालिक हिमालय

1. महान हिमालय या ग्रेट हिमालय-
➧हिमालय का सबसे ऊंचा भाग महान हिमालय या ग्रेट हिमालय है।
➧हिमालय का सबसे बड़ा भाग महान हिमालय या ग्रेट हिमालय है।
➧हिमालय का सबसे लम्बा भाग महान हिमालय या ग्रेट हिमालय है।
➧महान हिमालय को हिमाद्रि हिमालय भी कहते है क्योकी महान हिमालय वर्षभर बर्फ से ढका रहता है।

➧पठार-
➧पर्वतों से नीचे वाला भाग तथा जमीन से ऊपर वाला समतल मैदानी भू-भाग पठार कहलाता है।

➧पामीर का पठार-
➧पामीर का पठार विश्व का सबसे ऊंचा पठार है।
➧पामीर के पठार का विस्तार या फैलाव तुर्कमेनिस्तान, कजाकिस्तान व वजीरीस्तान में है।

➧पामीर के पठार के उपनाम या अन्य नाम-
➧पामीर के पठार को पामीर की गांठ कहते है।
➧पामीर के पठार को विश्व की छत (Roof of The World) भी कहते है।

➧तिब्बत का पठार-
➧तिब्बत का पठार क्षेत्रफल की दृष्टि से विश्व का सबसे बड़ा पठार है।
➧तिब्बत का पठार तिब्बत में स्थित है।
➧तिब्बत की राजधानी ल्हासा है।

➧लद्दाख का पठार-
➧लद्दाख का पठार भारत का सबसे ऊंचा पठार है।
➧लद्दाख का पठार जम्मू कश्मीर राज्य में स्थित है।

➧दक्कन का पठार-
➧दक्कन का पठार क्षेत्रफल की दृष्टि से भारत का सबसे बड़ा पठार है।
➧दक्कन का पठार महाराष्ट्र में सर्वाधिक तथा आंध्र प्रदेश, छत्तिसगढ़, मध्य प्रदेश, कर्नाटक, तमिलनाडु, ओडिसा में स्थित है।
➧दक्क के पठार की मिट्टी काली मिट्टी है।

➧गोदावरी नदी-
➧दक्कन के पठार के बीचों-बीच गोदावरी नदी बहती है जो की दक्कन के पठार को दो बराबर भागों में बांटती है जिसका एक भाग महाराष्ट्र का पठार तथा दूसरा भाग लावा का पठार के नाम से जाना जाता है।

➧दक्कन के पठार के उपनाम व अन्य नाम-
➧दक्कन के पठार को महाराष्ट्र का पठार कहते है।
➧दक्कन के पठार को लावा का पठार भी कहते है।

➧विशेष- उड़िया का पठार-
➧उड़िया का पठार राजस्थान का सबसे ऊंचा पठार है।
➧उड़िया का पठरा राजस्थान के सिरोही जिले के माउंट आबू में स्थित है।

➧मिट्टी-
➧पेडोलाॅजी (Pedology)-
➧विज्ञान की वह शाखा जिसमें मिट्टी का अध्ययन किया जाता है उसे पेडोलाॅजी कहते है।

➧काली मिट्टी-
➧काली मिट्टी भारत में सर्वाधिक महाराष्ट्र में पायी जाती है।
➧काली मिट्टी को रेगुर मिट्टी या रेगुड़ मिट्टी भी कहते है।
➧काली मिट्टी में लोहे व मेग्निशियम की मात्रा सर्वाधिक पायी जाती है।
➧काली मिट्टी कपास, सोयाबीन, अफीम तथा संतरे जैसी फसलों के लिए अती उपयोगी मानी जाती है।

➧जलोढ़ मिट्टी-
➧भारत में सर्वाधिक मात्रा में जलोढ़ मिट्टी पायी जाती है।
➧जलोढ़ मिट्टी भारत में सर्वाधिक उत्तर प्रदेश में पायी जाती है।
➧जलोढ़ मिट्टी उत्तर प्रदेश के अलावा बिहार, पश्चिम बंगाल, राजस्थान जैसे राज्यों में भी पायी जाती है।

➧जलोढ़ मिट्टी के प्रकार-
➧जलोढ़ मिट्टी के दो प्रकार होते है। जैसे-
1. बांगर मिट्टी या बागर मिट्टी
2. खादर मिट्टी

1. बांगर मिट्टी या बागर मिट्टी-
➧पुरानी जलोढ़ मिट्टी को बांगर मिट्टी या बागर मिट्टी कहते है।

2. खादर मिट्टी-
➧नयी जलोढ़ मिट्टी को खादर मिट्टी कहते है।

➧महान हिमालय की प्रमुख चोटियां-
1. माउंट एवरेस्ट चोटी
2. कंचनजंगा चोटी
3. नंदा देवी चोटी
4. नंगा पर्वत
5. धौलागिरी पर्वत

1. माउंट एवरेस्ट चोटी-
➧विश्व की सबसे ऊंची चोटी माउंट एवरेस्ट है।
➧हिमालय की सबसे ऊंची चोटी माउंट एवरेस्ट है।
➧नेपाल की सबसे ऊंची चोटी माउंट एवरेस्ट है।
➧माउंट एवरेस्ट चोटी नेपाल में स्थित है।

➧माउंट एवरेस्ट के उपनाम व अन्य नाम-
(1) नेपाल में माउंट एवरेस्ट को सागरमाथा कहते है।
(2) तिब्बत तथा चीन में माउंट एवरेस्ट को चोमोलुंग्मा या कोमोलुंग्मा कहते है।

➧माउंट एवरेस्ट चोटी की ऊंचाई-
➧नेपाल सरकार के अनुसार माउंट एवरेस्ट चोटी की कुल ऊंचाई 8848 मीटर है।
➧अमेरिकन सैटेलाइट के अनुसार माउंट एवरेस्ट चोटी की कुल ऊंचाई 8850 मीटर है।
➧इन दोनों ऊंचाइयों में प्राथमिकता 8848 मीटर को ही दी जाती है।

➧माउंट एवरेस्ट की खोज-
➧माउंट एवरेस्ट की खोज राधानाथ सिकदर (राधानाथ सिकन्दर) की द्वारा की गई थी।
➧राधानाथ सिकदर (राधानाथ सिकन्दर) एक भारतीय था।

➧माउंट एवरेस्ट का नामकरण-
➧माउंट एवरेस्ट का नामकरण जार्ज एवरेस्ट नामक अग्रेज के नाम पर किया गया था।

➧एडमंड हिलेरी तथा तेनजिंग नार्गे (तेनजिंग नार्पे)-
➧विश्व में सर्वप्रथम माउंट एवरेस्ट पर चढ़ने वाले व्यक्ति एडमंड हिलेरी तथ तेनजिंग नार्गे थे।
➧एडमंड हिलेरी तथा तेनजिंग नार्गे द्वारा माउंट एवरेस्ट पर चढ़ाई सन् 1953 में की गई थी।
➧विश्व में सर्वप्रथम माउंट एवरेस्ट पर चढ़ाई करने वाले प्रथम पुरुष एडमंड हिलेरी तथा तेनजिंग नार्गे है।
➧एडमंड हिलेरी न्यूजीलैंड से थे।
➧तेनजिंग नार्गे नेपाल से थे।

➧जुंको ताबेई-
➧माउंट एवरेस्ट पर चढ़ने वाली विश्व की प्रथम महिला जुंको ताबेई है।
➧जुंको ताबेई द्वारा माउंट एवरेस्ट पर सन् 1975 में चढ़ाई की गई थी।

➧एम.एस. कोहली-
➧माउंट एवरेस्ट पर चढ़ने वाला प्रथम भारतीय या प्रथम भारतीय पुरुष एम.एस. कोहली थे।
➧एम.एस.कोहली के द्वारा माउंट एवरेस्ट पर सन् 1965 में चढ़ाई की गई थी।

➧बिछेंद्री पाल-
➧माउंट एवरेस्ट पर चढ़ने वाली प्रथम भारतीय महिला बिछेंद्री पाल है।
➧बिछेंद्री पाल के द्वारा माउंट एवरेस्ट पर सन् 1985 (1984) में चढ़ाई की गई थी।
➧बिछेंद्री पाल उत्तराखंड राज्य के उत्तरकाशी जिले के नकुरी गांव की रहने वाली थी

➧मलावथ पूर्णा-
➧माउंट एवरेस्ट पर सबसे कम उमर में चढ़ने वाली विश्व की प्रथम महिला मलावथ पूर्णा है।
➧मलावथ पूर्णा ने 2014 में माउंट एवरेस्ट पर चढ़ाई की थी।
➧मलावथ पूर्णा आंध्र प्रदेश की रहने वाली है।
➧मलावथ पूर्णा ने 14 वर्ष की आयु में ही माउंट एवरेस्ट पर चढ़ाई की है।

2. कंचनजंगा चोटी-
➧कंचनजंगा चोटी भारत की सबसे ऊंची चोटी है।
➧कंचनजंगा चोटी सिक्किम में स्थित है।
➧कंचनजंगा चोटी की कुल ऊंचाई 8598 मीटर है।

➧नरेन्द्र कुमार-
➧कंचनजंगा चोटी पर चढ़ने वाला प्रथम भारतीय नरेन्द्र कुमार है।
➧नरेन्द्र कुमार कंचनजंगा चोटी पर सन् 1977 में चढ़ा था।

3. नंदा देवी चोटी-
➧नंदा देवी चोटी उत्तराखंड की सबसे ऊंची चोटी है।
➧नंदा देवी चोटी उत्तराखंड में स्थित है।
➧नंदा देवी चोटी की कुल ऊंचाई 8172 मीटर है।

4. नंगा पर्वत-
➧नंगा पर्वत जम्मू कश्मीर राज्य में स्थित है।

5. धौलागिरी पर्वत-
➧धौलागिरी पर्वत नेपाल में स्थित है।

➧महान हिमालय के प्रमुख दर्रे-
1. जोजिला दर्रा-
2. बुर्जिल दर्रा या बुर्जिला दर्रा
3. शिपकीला दर्रा
4. बारालाचा दर्रा
5. रोहतांग दर्रा
6. नाथुला दर्रा
7. जेलेपला दर्रा
8. नीति दर्रा
9. लिपुलेख दर्रा
10. माना दर्रा

1. जोजिला दर्रा-
➧जोजिला दर्रा जम्मू कश्मीर में स्थित है।
➧जोजिला दर्रा श्रीनगर को लेह से जोड़ता है।

➧वुलर झील-
➧वुलर झील भारत की सबसे बड़ी मिठे (ताजा पानी) पानी की झील है।
➧वुलर झील भारत में श्रीनगर में स्थित जोजिला दर्रा में स्थित है।
➧वुलर झील में झेलम नदी का पानी आता है।
➧श्रीनगर झेलम नदी के किनारे स्थित है।
➧श्रीनगर को मोर्य वंश के राजा सम्राट अशोक ने बसाया था।

➧डल झील-
➧भारत की सबसे सुन्दर झील डल झील है।
➧भारत की सबसे ऊंची झील डल झील है।
➧डल झील अकसर सर्दियों में जम जाती है।
➧डल झील श्रीनगर में स्थित जोजिला दर्रा में स्थित है।

➧शालीमार बाग-
➧डल झील के पास एशिया का सबसे बड़ा फुलों का बाग है जिसे शालीमार बाग कहते है।
➧डल झील के पास स्थित शालीमार बाग का निर्माण जंहागीर ने करवाया था।

➧निशांत बाग-
➧निशांत बाग डल झीस के पास स्थित है।

विशेष-
➧राजस्थान में झीलों की नगरी उदयपुर के कहते है।
➧भारत में झीलों की नगरी श्रीनगर को कहते है।
➧विश्व में झीलों की नगरी फिनलैंड को कहते है।

2. बुर्जिल दर्रा या बुर्जिला दर्रा-
➧बुर्जिल दर्रा जम्मू कश्मीर में स्थित है।
➧बुर्जिल दर्रा लेह को जम्मू से जोड़ता है।

3. शिपकीला दर्रा-
➧शिपकीला दर्रा हिमाचल प्रदेश में स्थित है।
➧शिपकीला दर्रा शिमला को तिब्बत  से जोड़ता है।

4. बारालाचा दर्रा-
➧बारालाचा दर्रा हिमाचल प्रदेश में स्थित है।
➧बारालाचा दर्रा मनाली को लेह से जोड़ता है।

5. रोहतांग दर्रा-
➧रोहतांग दर्रा हिमाचल प्रदेश में स्थित है।
➧रोहतांग दर्रे से रावी तथा व्यास नदियां निकलती है।

6. नाथुला दर्रा-
➧नाथुला दर्रा सिक्किम को तिब्बत से जोड़ता है।
➧नाथुला दर्रे में भारत और चीन के बीच सर्वाधिक व्यापार होता है इसीलिए इस दर्रे को या मार्ग को रेशम मार्ग (Silk Route) भी कहते है।

7. जेलेपला दर्रा-
➧जेलेपला दर्रा तिब्बत को पश्चिम बंगाल से जोड़ता है।

8. नीति दर्रा-
➧नीति दर्रा उत्तराखंड में स्थित है।

9. लिपुलेख दर्रा-
➧लिपुलेख दर्रा उत्तराखंड में स्थित है।

10. माना दर्रा-
➧माना दर्रा उत्तराखंड में स्थित है।

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