बौद्ध धर्म (बौद्ध धर्म का इतिहास)

👉 बौद्ध धर्म का इतिहास - महत्त्वपूर्ण तथ्य-




👉 बौद्ध धर्म का संस्थापक-
✍ बौद्ध धर्म का संस्थापक या जनक महात्मा बुद्ध को माना जाता है।

👉 महात्मा बुद्ध का जन्म व जन्म स्थल-
✍ महात्मा बुद्ध का जन्म 563 ई.पू. में वैशाख पूर्णिमा के दिन नेपाल के लुम्बिनी गांव में हुआ था।

👉 सिद्धार्थ-
✍ महात्मा बुद्ध का बचपन का नाम या वास्तविक नाम सिद्धार्थ था।

👉 पिता-
✍ महात्मा बुद्ध के पिता का नाम शुद्धोधन था।

👉 माता-
✍ महात्मा बुद्ध की माता का नाम महामाया था।

👉 गौतमी-
✍ महात्मा बुद्ध की माँ की मृत्यु के बाद महात्मा बुद्ध का लालन-पालन उनकी मौसी गौतमी ने किया था।


👉 शाक्य गौत्र-
✍ महात्मा बुद्ध शाक्य गौत्र के थे इसीलिए महात्मा बुद्ध को शाक्यमुनि भी कहते है।

👉 यशोधरा-
✍ महात्मा बुद्ध की पत्नी का नाम यशोधरा था।
✍ यशोधरा से महात्मा बुद्ध को राहुल नाम का पुत्र प्राप्त हुआ था।

👉 अलार कलाम-
✍ महात्मा बुद्ध के गुरु का नाम अलार कलाम था।

👉 महाभिनिष्क्रमण-
✍ महात्मा बुद्ध ने 29 वर्ष की आयु में ग्रह त्याग किया था ग्रह त्याग करने की इसी घटना को बौद्ध धर्म में महाभिनिष्क्रमण कहते है।

👉 सम्बोधि या निर्वाण-
✍ महात्मा बुद्ध को 35 वर्ष की आयु में बिहार की गया नामक जगह पर पुनपुन नदी या निरंजना नदी के किनारे पीपल या वट वृक्ष के नीचे ज्ञान प्राप्त हुआ तथा इसी घटना को बौद्ध धर्म में सम्बोधि या निर्वाण कहते है।

👉 सारनाथ (उत्तर प्रदेश)-
✍ सारनाथ का नया नाम ऋषि पटनम है।
✍ महात्मा बुद्ध ने अपना प्रथम उपदेश या प्रवचन सारनाथ में 5 ब्राह्मणों को दिया था तथा बौद्ध धर्म में इसी घटना को धर्मचक्र परिवर्तन कहते है।

👉 पाली भाषा-
✍ महात्मा बुद्ध ने अपनी पहला उपदेश या प्रवचन पाली भाषा में दिया था।
✍ प्रारम्भ में बौद्ध ग्रंथ या साहित्य भी पाली भाषा में ही लिखे गये थे।

👉 श्रावस्ती-
✍ महात्मा बुद्ध ने अपने जीवन में सर्वाधिक उपदेश या प्रवचन कौशल महाजनपद की राजधानी श्रावस्ती में दिये थे।

👉 महाजनपद-
✍ महाजनपद का अर्थ राज्य है।
✍ महात्मा बुद्ध के समय कुल 16 महाजनपद या 16 राज्य थे।
✍ 16 महाजनपदों का वर्णन बौद्ध धर्म के ग्रंथ अंगुत्तरनिकाय में मिलता है।

👉 महापरिनिर्वाण-
✍ 483 ई.पू. में उत्तर प्रदेश के गोरखपुर जिले की कुशीनगर या कुशीनारा नामक जगह पर महात्मा बुद्ध की मृ्त्यु या मोक्ष प्राप्त हुआ था तथा इसी घटना को बौद्ध धर्म में महापरिनिर्वाण कहते है।

👉 कुशीनगर या कुशीनारा (गोरखपुर जिला, उत्तर प्रदेश)-
✍ कुशीनगर नामक जगह पर ही महात्मा बुद्ध ने अपने जीवन का अंतिम उपदेश दिया था।
✍ महात्मा बुद्ध ने अपना अंतिम उपदेश सुभद्र नामक ब्राह्मण को दिया था।


👉 चुन्द सुनार-
✍ चुन्द सुनार नामक व्यक्ति के घर पर मांस खाने के कारण महात्मा बुद्ध की मृत्यु हुई थी।

👉 कौण्डिन्य या कोणदेव-
✍ कौण्डिन्य या कोणदेव ने ही महात्मा बुद्ध की ऋषि या राजा बनने की भविष्यवाणी की थी।

👉 एशिया का ज्योतिपुंज-
✍ महात्मा बुद्ध को एशिया का ज्योतिपुंज भी कहते है।

👉 कंथक /कंठक-
✍ महात्मा बुद्ध के घोड़े का नाम कंथक था।

👉 त्रिपिटक-
✍ त्रिपिटक बौद्ध धर्म के सबसे प्राचीन तथा सबसे पवित्र ग्रंथ माने जाते है।
✍ त्रिपिटक का अर्थ पिटारा या टोकरा होता है।
✍ तीनों त्रिपिटक निम्नलिखीत है जैसे-
1. सुत्तपिटक- इसमें बौद्ध धर्म के उपदेश है।
2. विनय पिटक- इसमें बौद्ध धर्म के नियम है।
3. अभिधम्मपिटक- इसमें बौद्ध धर्म के सिद्धांत है।

👉 बौद्ध संगीतियां या समितियां-
✍ महात्मा बुद्ध की मृत्यु के बाद बौद्ध धर्म के प्रचार हेतु कुल चार बौद्ध सभाएं/ समितियां/ संगीतियां आयोजित की गई थी जैसे-

1. प्रथम संगीति-
✍ समय- 483 ई.पू.
✍ स्थान- राजगृह, बिहार
✍ अध्यक्ष- महाकश्यप
✍ शासक- अजातशत्रु (हर्यक वंश)

2. द्वितीय संगीति-
✍ समय- 383 ई.पू.
✍ स्थान- वैशाली
✍ अध्यक्ष- साबाकामी
✍ शासक- कालाशोक (शिशुनाग वंश)

3. तृतीय संगीति-
✍ समय- 251 ई.पू.
✍ स्थान- पाटलिपुत्र/ पटना, बिहार
✍ अध्यक्ष- मोग्गलिपुत्त तिस्स
✍ शासक- अशोक (मौर्य वंश)

4. चतुर्थ संगीति-
✍ समय- प्रथम सदी
✍ स्थान- कुण्डलवन (कश्मीर)
✍ अध्यक्ष- वसुमित्र
✍ शासक- कनिष्क (कुषाण वंश)


👉 बौद्ध धर्म की शाखाएं-
✍ चतुर्थ संगीति के बाद बौद्ध धर्म हीनयान और महायान नामक दो शाखाओं में बट गया था।

👉 नागार्जुन-
✍ बौद्ध धर्म की महायान शाखा का संस्थापक नागार्जुन को माना जाता है।
✍ नागार्जुन को भारत का आइंस्टाइन भी कहते है।
✍ नागार्जुन के द्वारा माध्यमिका सुत्र नामक पुस्तक लिखी गई थी।

👉 मैत्रेय-
✍ बौद्ध धर्म के शिष्यों या अनुयायियों के द्वारा महात्मा बुद्ध का अवतारी मैत्रेय को माना जाता है।

👉 विहार-
✍ बौद्ध धर्म के शिष्यों के घरों या आश्रमों को विहार कहते है।

👉 स्तूप या चैत्य-
✍ बौद्ध धर्म में समाधियों को स्तूप या चैत्य कहते है।

👉 थेरवाद-
✍ बौद्ध धर्म का सबसे प्राचीन सम्प्रदाय थेरवाद है।

👉 धम्मपद-
✍ धम्मपद एक बौद्ध ग्रंथ है जिसे बौद्ध धर्म की गीता कहते है।

👉 बौद्ध धर्म के लिए प्रसिद्ध विश्वविद्यालय-
1. नालंदा विश्वविद्यालय-
✍ स्थित- नालंदा (बिहार)
✍ संस्थापक- कुमार गुप्त प्रथम
✍ विशेषता-
✍ राजा हर्ष के शासन काल में चीनी यात्री हवेनसांग नालंदा विश्वविद्यालय आया था।
✍ हवेनसांग ने प्रसिद्ध पुस्तक सी.यू.की लिखी थी।

2. विक्रमशिला विश्वविद्यालय-
✍ स्थित- बिहार
✍ संस्थापक- धर्मपाल (पाल वंश)

3. सोमपुरी विश्वविद्यालय-
✍ स्थित- बिहार
✍ संस्थापक- धर्मपाल (पाल वंश)

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